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मां ने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही बेटे को पहुंचाया मौत के घाट

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मां ने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही बेटे को पहुंचाया मौत के घाट

उत्तर प्रदेश , मेरठ - मोदीनगर की जगतपुरी कॉलोनी निवासी 26 वर्षीय अनुज कुमार 18 जुलाई को लापता हो गया था। करीब 15 दिन बाद तीन अगस्त को अनुज का शव नंदनगरी कॉलोनी में एक खाली प्लॉट में पड़ा मिला था। अनुज की पत्नी अंजलि ने परिजनों पर हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या करना और प्राइवेट पार्ट में डंडा डालने की पुष्टि हो गई। रिपोर्ट के बाद पुलिस ने गुमशुदगी को हत्या में तरमीम कर मामले की जांच करते हुए आरोपियों पर शिकंजा कसा

स्टोर संचालक अनुज कुमार उर्फ समर हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा हुआ। परिवार से अलग रहने वाली मां ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर गला दबाकर अनुज की हत्या की थी। आरोपी प्रेमी ने अनुज के प्राइवेट पार्ट में डंडा भी डाला था। बाद में मां ने छोटे बेटे के साथ मिलकर शव को कॉलोनी के एक खाली प्लॉट में फेंक दिया गया था। हत्यारोपी मां कृष्णा देवी ने बताया कि अनुज की हत्या करने के बाद शव ठिकाने लगाने के लिए वह दिनभर सुरक्षित स्थान खोजते रहे लेकिन कोई जगह नहीं मिली। इस चक्कर में शव दिनभर घर में पड़ा रहा। रात होने पर शव खाली प्लॉट में फेंक दिया। थाना प्रभारी निरीक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि मां कृष्णा देवी को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया तो वह मामले को आत्महत्या बताकर गुमराह करती रही। पुलिस ने सख्ती की तो कृष्णा देवी टूट गई और उसने सच्चाई उगल दी। बताया कि दो दो अगस्त को अनुज ने उसे देवेंद्र के साथ देख लिया था। इस बात को लेकर उनके बीच विवाद हो गया था। कृष्णा देवी और देवेंद्र ने अनुज का गला दबा दिया और उसके प्राइवेट पार्ट में डंडा मारा, जिससे अनुज की मौत हो गई। पुलिस ने मां और शव ठिकाने लगाने में मदद करने पर छोटे भाई को गिरफ्तार कर लिया है। फरार प्रेमी देवेंद्र की तलाश की जा रही है।